CRPF के जवान ने रजरप्पा मंदिर में चढ़ाई खुद की बलि

0
510

रामगढ़ : झारखंड के रामगढ़ स्थित रजरप्पा के मां छिन्नमस्तिके मंदिर परिसर में एक अजीबोगरीब आत्महत्या का मामला सामने आया है, मंदिर में संतोष नट नाम का एक सीआरपीएफ जवान जो हजारीबाग में तैनाथ थे वो मंदिर में आत्महत्या कर लिया, सुत्रों के अनुसार उसने पहले मंदिर में परिक्रमा के साथ पूजा अर्चना की उसके बाद अपने साथ लाये गये धारदार हथियार से अपना गला काटकर अपनी बलि चढ़ा दी. प्रत्यक्षदर्शियों ने ने बताया कि इस व्यक्ति ने सुबह मंदिर में मां छिन्नमस्तिका की पूजा अर्चना की और उसके बाद माता की प्रतिमा के आगे खुद की बलि चढ़ा दी. कुछ लोगों को कहना है कि वह पहले से ऐसे काम करने का प्लान कर चुका था। इस घटना के बाद से पुरे मंदिर परिसर में सनसनी फैल गया और मंदिर में ताला लगा दिया गया. पुलिस मामले की जांच में जुट गयी है.

मृतक संजय नट बक्सर का रहने वाला है

मृतक का पहचान बक्सर बलिहार गांव (बिहार) निवासी संजय नट( 45) के रूप में की गई। मृतक संजय नट सीआरपीएफ का जवान था और हज़ारीबाग़ में तैनात था. सुत्रों के अनुसार बताया जा रहा है कि संजय दो दिन पहले ही गाँव से छुट्टी बिताकर ड्युटी पर लौटा था। घर पर पत्नी के अलावा दो बेटे और दो बेटियां हैं। घटना की जानकारी मिलने से पूरा परिवार सदमे में है और पत्नी शारदा का रो-रोकर बुरा हाल हो रहा है.

संजय नट पुरे रिती-रिवाज के साथ परिक्रमा कर बलि दी..

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, संजय को सोमवार से ही मंदिर परिसर के आसपास देखा गया था. मंगलवार सुबह उसने मां छिन्नमस्तिका की पूजा की और फिर मंदिर की परिक्रमा की, परिक्रमा करने के बाद उसने तेज धार वाले तलवार से मां छिन्नमस्तिके के सामने अपना बलि दे दिया , तलवार संजय खुद लाया था।

घटना के तुरंत बाद ही पुलिस ने मृतक की तलासी की जिसमें फोन नंबर मिला। घर पर तुरंत फोन करने के बाद उनके परिवार ने बताया कि संजय कि मानसिक स्थिति बिल्कुल ठीक थी और वो खेती-किसानी का काम करता था.

पंचद्रव्य और पंचगव्य से किया गया मंदिर का शुद्धिकरण

मंदिर में हुई इस घटना के बाद मंदिर के पुजारियों के द्वारा मंदिर के शुद्धिकरण का कार्य किया गया. इस दौरान पुजारियों ने पंचगव्य , पंचद्रव्य व पांच नदियों के जल से मंदिर का शुद्धिकरण किया. मंदिर शुद्धिकरण के दौरान विशेष रूप से पूजा की गयी तत्पश्चात सुबह नौ बजे के बाद श्रद्धालुओं के लिए मंदिर का पट खोला गयी. जिसके बाद बाहर से आये श्रद्धालुओं को पूजा का मौका मिला.

loading...

LEAVE A REPLY